देहरादून।’सरकार का प्रयास है कि उत्तराखंड के युवा नौकरी मांगने वाले नहीं बल्कि नौकरी देने वाले बनें। सरकार ने सीएम स्वरोजगार योजना इसी उद्देश्य के साथ शुरू की है। यह बातें मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सीएम आवास में स्वरोजगार योजना के तहत लाभार्थियों को सब्सिडी जारी करने के मौके पर कहीं।
सीएम ने मुख्यमंत्री स्वरोजगार योजना के तहत 3848 लाभार्थियों के बैंक खातों में सब्सिडी के कुल 33.22 करोड़ रुपये ऑनलाइन माध्यम से ट्रांसफर किए। उन्होंने कहा कि स्वरोजगार योजना के माध्यम से हमारा संकल्प ‘आत्मनिर्भर उत्तराखंड’ का निर्माण करना है। इस योजना के प्रमुख लाभार्थी कोविडकाल में लौटे प्रवासी, युवा उद्यमी, कारीगर, हस्तशिल्पी और शिक्षित बेरोजगार हैं। योजना के तहत उत्तराखंड के मूल व स्थायी निवासियों को ऋण की सुविधा उपलब्ध कराई जा रही है। साथ ही 15% से 25% सब्सिडी दी जा रही है। इस दौरान सचिव उद्योग विनय शंकर पांडेय, महानिदेशक उद्योग डॉ. सौरभ गहरवार, उपसचिव शिव शंकर मिश्रा, उद्योग विभाग के संयुक्त निदेशक ए. द्विवेदी आदि मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सीएम स्वरोजगार योजना के लाभार्थियों को ऑनलाइन माध्यम से सब्सिडी जारी की।
लक्ष्य से ज्यादा लोगों ने उठाया लाभ
मुख्यमंत्री ने कहा कि इस योजना के तहत लगभग 32 हजार लाभार्थियों को जोड़ने का लक्ष्य रखा गया था। लेकिन अभी तक 35 हजार से अधिक लाभार्थी इसका लाभ ले चुके हैं। योजना के तहत अभी तक 1389 करोड़ रुपये से अधिक के लोन वितरित किए जा चुके हैं। जिससे लगभग 65 हजार नए रोजगार पैदा हुए हैं। सीएम ने कहा कि यह इस बात का प्रमाण है कि योजना केवल कागज़ों में नहीं बल्कि धरातल पर काम कर रही है।
- स्मार्ट लाइब्रेरी, फिटनेस क्लब से कर रहे कमाई
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने योजना के लाभार्थियों से भी संवाद किया। लोहाघाट के कमल सिंह पार्थोली ने कहा कि उन्होंने स्मार्ट लाइब्रेरी के लिए 10 लाख का लोन लिया। अभी उनके यहां 130 बच्चे पढ़ रहे हैं। जल्द ही वह अपनी लाइब्रेरी को ई लाइब्रेरी में बदलने वाले हैं। उत्तरकाशी के जसपाल ने बताया कि उन्होंने 10 लाख का लोन लेकर फिटनेस क्लब की स्थापना की। बड़ी संख्या में लोग उनके क्लब से जुड़ रहे हैं। इस दौरान सीएम ने कई अन्य लाभार्थियों से भी बात कर उनके अनुभव जाने।
